नुकसान ही नहीं, फायदा भी है ‘भांग’ का सेवन करने में

भगवान शिव का प्रसाद

भगवान शिव का नाम लेते हुए लोग खूब मज़े से भांग के गिलास पीते चले जाते हैं, लेकिन इस बात से अनजान होते हैं कि यह भांग हमें कितना नुकसान पहुंचा रही है। भांग को शिवजी का प्रसाद माना जाता है लेकिन डॉक्टरों की मानें तो भांग का सेवन करना हमारे लिए बिल्कुल भी सही नहीं है।

भांग

इससे हमें विभिन्न प्रकार की परेशानियों का सामना करना पड़ सकता है, लेकिन क्या आपने कभी भांग के सेवन से होने वाले फायदों के भी बारे में सुना है? जी हां…. यकीन नहीं होता लेकिन भांग का सेवन करने से हमें फायदा भी मिल सकता है।

सेहत के लिहाज से

किंतु शुरुआत करेंगे आपको भांग के सेवन से सचेत करते हुए, भांग के सेवन से मिलने वाले नुकसान को बताते हुए। यह तो आप जानते ही होंगे कि भांग का सेवन करते ही हम अपनी शारीरिक इंद्रियों पर नियंत्रण खो देते हैं। इसलिए लोग भांग खाते ही झूमने लगते हैं।

दिमाग के लिए नहीं है सही

लेकिन इसके अलावा भी भांग के कुछ ऐसे नुकसान हैं जो दिखाई तो नहीं देते, किंतु अंदर ही अंदर हमारे शरीर को नष्ट करते हैं। जानिए आगे की स्लाइड्स में.

भांग का सेवन करने के नुकसान

भांग का सेवन चाहे किसी भी रूप में किया जा रहा हो, चाहे व्यक्ति उसे शरबत में मिलाकर पी जाए या फिर भांग की पत्तियों को चिलम में डालकर धूम्रपान किया जाए… दोनों ही परिस्थितियों में यह भांग सीधा हमारे दिमाग पर असर करती है।

दिमाग की नसों पर अटैक

भांग के कण दिमाग की उन नसों पर अटैक करते हैं जो हमारी हंसी, खुशी, दुख, उदासी, इत्यादि से जुड़े होते हैं। इसलिए कुछ लोग भांग का सेवन करने के बाद या तो अत्यधिक रोते हैं या फिर अत्यधिक हंसते हैं।

भांग का नशा खत्म नहीं होता

लेकिन लोग सोचते हैं कि भांग के उतरने के बाद उसका असर खत्म हो जाता है। ऐसा बिल्कुल भी नहीं है… भांग का असर लंबे समय तक व्यक्ति के दिमाग को परेशान करता है। शायद महसूस ना हो, लेकिन दिमागी रूप से वह व्यक्ति परेशान ही रहता है।

फायदे भी हैं

लेकिन इन सभी नुकसान बताने वाली बातों के अलावा आयुर्वेद ने भांग के सेवन को सही माना है। आयुर्वेद के अनुसार भांग एक औषधीय पदार्थ है, जिसका प्रयोग कई बीमारियों को काटने के लिए किया जा सकता है।

सिर दर्द का इलाज

यदि किसी को निरंतर सिर दर्द रहता है तो भांग की पत्तियों के रस का अर्क बनाकर कान में 2-3 बूंद डाल दें, सिरदर्द धीरे-धीरे खत्म हो जाएगा और जड़ से खत्म होगा।

मानसिक रोगियों के लिए

यह सत्य है कि भांग का सेवन करने से मानसिक संतुलन बिगड़ता है, लेकिन डॉक्टर इसे सही मात्रा में उपयोग में लाकर मानसिक रोगियों का इलाज भी करते हैं। मानसिक रोगों में चिकित्सक इसे 125 मिलीग्राम की मात्रा में आधी मात्रा हींग मिलाकर प्रयोग कराते हैं।

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